जूम के जरिये स्वास्थ्य सेवाओं की पड़ताल, बेहतर काम करने वाली ए.एन.एम और आशाएं होंगी सम्मानित
चंदौली

जिलाधिकारी चंद्र मोहन गर्ग की अध्यक्षता में बुधवार को जूम मीटिंग के माध्यम से जिले के 20 उपकेन्द्रों पर आयोजित ग्राम स्वास्थ्य, स्वच्छता एवं पोषण दिवस (VHSND) सत्रों की विस्तृत समीक्षा की गई। समीक्षा के दौरान जिलाधिकारी ने स्वास्थ्य सेवाओं की जमीनी स्थिति का जायजा लिया और अधिकारियों को आवश्यक दिशा-निर्देश जारी किए।

बैठक में मुख्य चिकित्सा अधिकारी, अपर मुख्य चिकित्सा अधिकारी (RCH) और सभी प्राथमिक स्वास्थ्य केन्द्रों के प्रभारी चिकित्सा अधिकारी उपस्थित रहे। इसके अलावा 20 उपकेन्द्रों की ए.एन.एम., सी.एच.ओ. और संबंधित आशा कार्यकर्ताओं ने भी ऑनलाइन भाग लिया।
जिलाधिकारी ने नियामताबाद पीएचसी के धपरी उपकेन्द्र की ए.एन.एम इन्दू देवी तथा नौगढ़ CHC के महागाई उपकेन्द्र की ए.एन.एम कल्पना सिंह एवं मझगांवा की ए.एन.एम सर्वजीत सिंह से सीधी वार्ता की। उन्होंने उपकेन्द्रों की स्थिति का अवलोकन किया और वहां मौजूद लाभार्थियों से स्वास्थ्य सुविधाओं का फीडबैक लिया। जिलाधिकारी ने सभी ए.एन.एम और आशा कार्यकर्ताओं को ‘ड्यू लिस्ट’ को अपडेट रखने के निर्देश दिए, ताकि सत्र के दौरान गर्भवती महिलाओं और बच्चों को शत प्रतिशत पारदर्शिता से स्वास्थ्य सेवाएं दी जा सकें। जिलाधिकारी ने स्पष्ट निर्देश दिया कि सभी गर्भवती महिलाओं का प्रथम तिमाही में ही शत-प्रतिशत पंजीकरण सुनिश्चित किया जाए। डीएम ने स्वास्थ्य व्यवस्थाओं पर संतोष व्यक्त करते हुए मुख्य चिकित्सा अधिकारी को गुणवत्तापूर्ण सेवाएं जारी रखने का निर्देश दिया। उन्होंने घोषणा की कि भविष्य में भी जूम के माध्यम से ऐसी समीक्षाएं होंगी और जिला स्वास्थ्य समिति की बैठक में 5 सर्वश्रेष्ठ कार्य करने वाली ए.एन.एम एवं आशा कार्यकर्ताओं को सम्मानित किया जाएगा। अपर मुख्य चिकित्सा अधिकारी (RCH) ने निर्देश दिया कि पहली ए.एन.सी. जांच के समय ही गर्भवती महिलाओं के आवश्यक दस्तावेज प्राप्त कर उन्हें आर.सी.एच. पोर्टल पर पंजीकृत किया जाए, ताकि प्रसव के उपरांत जननी सुरक्षा योजना की राशि का शत-प्रतिशत भुगतान सीधे बैंक खाते में बिना किसी बाधा के किया जा सके।






